Inspection plan kya hai Types of inspections in hindi - DearHindi.com

9/14/2019

Inspection plan kya hai Types of inspections in hindi

Inspection plan kya hai Types of inspections in hindi

Inspection plan kya hai-
 पने जो भी quality standard बनाया है मै यहाँ पर "quality inspection plan" की बात कर रहा हु अगर आपने control plan या work instruction बनाया है या check sheet बनाया है जो भी आपने quality standard बनाया है जिस quality standard के refrence से आप किसी product का मूल्यांकन (evaluation) कर रहे है की क्या यह product सही है या गलत है। 

मतलब हम उस component की quality check करके control करने की कोशिश कर रहे है इस process को कहते है "inspection" इसे हिंदी में निरीक्षण करना कहते है।  

inspection kya hai in hindi

Inspection करने के process में कोई न कोई document या कोई न कोई standard होना चाहिए कुछ layout description होना चाहिए की हमें इस component में हमें क्या क्या check करना है कैसे "inspection" करना है material कौन सा होना चाहिए तब उस quality standard के हिसाब से जानेगे कि  visual inspection करना है या किसी instrument जैसे vernier या माइक्रोमीटर का उपयोग करना है testing करना है किसी standard का use करके ही "inspection" किया जाता है इसे हम इंस्पेक्शन कहते है।
इंस्पेक्टर meaning report formate 
इंस्पेक्शन को manage करने के लिए किन किन चीजो का हने ध्यान देना चाहिए

who will inspected - Inspection कौन करेगा। 
why to inspect - Inspection क्यों करना। 
what to inspect - क्या Inspection करना है। 
what method of inspection - Inspection की क्या विधि है। 
when to inspect - कब Inspection करना है। 
where to inspect - कहाँ Inspection करना है। 

Inspection कौन करेगे - हमें पता है की हर एक Inspection level पर हर inspector qualified नहीं होता है अलग अलग stage के इंस्पेक्शन के लिए अलग अलग inspector qualified होते है inspector का skill matrix जिस level का होगा वह उस जगह पर Inspection करेगा। हमें skill matrix define करना पड़ेगा और फिर decide करना पड़ेगा की कौन सा inspector किस stage के लिए किस instruments से  check करने के लिए (qualified) योग्य  है। वह उस stage के लिए skillled है या नहीं है। हमें पता होना चाहिए। 

हम parts का  inspection क्यों करना चाहते है -हमे parts को (इंस्पेक्शन करने) check करने की क्या जरुरत है क्या supplyer parts का inspection नहीं कर रहा है हमें पता होना चाहिए की मै inspection क्यों करना चाहता हु। 

क्या इंस्पेक्शन करना है - कौन सा product check करना है online production का material check करना है या जो pending material है उसे check करना है।  आपको जिस product की requirement होगी उसके हिसाब से आपको parts का inspection करना होगा। 

मेरे इंस्पेक्शन करने का method क्या होगा - मुझे manual check करना है या visual check करना है किसी tools का उसे करना है जैसे vernier or micrometer या filler गेज से check करना है इसके बारे में हमें पता होना  चाहिए  

मै कब  check करू - हमें date और time inspection करने का फिक्स करना पड़ेगा। 

कहा पर check करू - incoming में Inspection करना है या inprocess में check करना है हमें यह पता होना चाहिए 

यह एक complete inspection process के लिए  इन सारे points को ध्यान में रखना है और plan करके process का (exicute) पालन करना है। 

हम क्यों करते है निरीक्षण (inspection)

इंस्पेक्शन करने के कई सारे कारण हो सकते है जैसे हमारा जो भी पार्ट है जिस round या lot में से लिया गया है तो क्या यह lot सही है मतलब मै check करना चाहता हु की यह componet इस lot का accept करने लायक है या नहीं या इस round में से कितने ok है और कितने not ok है। मतलब ok और not ok को अलग अलग करना भी प्राथमिक लक्ष्य हो सकता है इंस्पेक्शन का। 

हम जिस पार्ट का इंस्पेक्शन कर रहे है अगर उसमे कुछ defect निकलता है तो customer के पास में जाने से पहले हम उसे रोक लेगे जिससे हमारा defected material customer के पास नहीं जायेगे जिससे customer satisfaction बना रहेगा। 

अगर हमने inspection पार्ट का नहीं किया और वह आगे चला गया बाद में पता चला की वह पार्ट dimentional सही नहीं है पार्ट rejected है अगर हम पहले "Inspection" कर लेते तो यह defected पार्ट आगे नहीं जाता। इंस्पेक्शन करने से defected पार्ट को आगे जाने से रोका जाता है इससे time को west होने से बचाया जाता है जिससे हमारा quality maintain रहता है। 

अगर हम componet का(raw material का) "iqc-inspection" करते है मतलब incoming quality control करते है और हमें raw material में ही कोई defect दिखाई दे जाता है तब हमें उस पार्ट को आगे की process में नहीं लेना चाहिए। जिससे हमारा time बचेगा। इसलिए हमें incoming material का भी इंस्पेक्शन करना बहुत जरुरी होता है। 

हमें पता है की parts का इंस्पेक्शन करने से कोई भी extra value add नहीं होती है (inspection करने के पहले और inspection करने के बाद में पार्ट की कीमत में कोई फर्क नहीं पड़ता है) उस product में। लेकिन हमें इसे करना पड़ता है आगे generate होने वाली problems से बचने के लिए।

निरीक्षण inspection कब और कितने प्रकार से किया जाता है।

Types of inspections- in hindi

Manufacturing inspection- Manufacturing करते समय अलग अलग stage में inspection किया जाता है ताकि defected पार्ट manufactur न किये जाए और आगे न जाए। parts जो manufactur किये जा रहे है वह दिए गए standard के हिसाब से manufactur किये जा रहे है। अगर कुछ issue आ रहा है तो हम  उसे उसी stage में control कर सकते है। 

pre dispatch inspection (pdi)- सारे process complete होने के बाद पार्ट फाइनल stage में जाता है जहा पर फाइनल inspector or pdi inspector उसे check करके satisfy करेगा और dishpatch के लिए material को रेडी करेगा। अगर pdi stage पर ज्यादा parts में problems आ रही होती है तो  parts का 200 % inspection किया जाता है। इसे final inspection भी कहा जाता है। 

In-process inspection- Inprocess inspection में  production के बाद में parts को sampling base पर check किया जाता है। 

इसके आलावा fireall inspection किया जाता है। 

Third party इंस्पेक्शन- third पार्टी "inspection" भी industries में किया जाता है इसमें किसी agency या contract base पर जो भी कंपनी के employee नहीं होते है उन्हें hire किया जाता है जिसे हम third पार्टी इंस्पेक्शन कहते है। जो की हमारे under में वह parts का इंस्पेक्शन करते है।
#importanceofinspection education sentense objectives and types 

No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad